करोड़ों की साइबर ठगी का पर्दाफाश:अंतरराज्यीय गैंग का सरगना समेत 4 गिरफ्तार, 54 करोड़ की ठगी के मिले सुराग…….

Gyan Prakash Dubey NGV PRAKASH NEWS

करोड़ों की साइबर ठगी का पर्दाफाश: ‘साइबर वज्र’ अभियान में अंतरराज्यीय गैंग का सरगना समेत 4 गिरफ्तार, 54 करोड़ की ठगी के सुराग मिले

बस्ती, 11 जुलाई 2026।

उत्तर प्रदेश में साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे प्रदेशव्यापी ‘साइबर वज्र (Cy-Vazra)’ अभियान के तहत बस्ती पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने निवेश, शेयर ट्रेडिंग और लोन के नाम पर देशभर के लोगों से करोड़ों रुपये की साइबर ठगी करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह के मुख्य सरगना समेत चार शातिर साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से मोबाइल फोन, चेकबुक, एटीएम कार्ड, क्यूआर कोड, पैन कार्ड, निर्वाचन पहचान पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस, जीएसटी से जुड़े दस्तावेज और नकदी बरामद हुई है।

पुलिस के अनुसार, पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्णा के निर्देशन में संचालित ‘साइबर वज्र’ अभियान के अंतर्गत पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह के निर्देशन तथा अपर पुलिस अधीक्षक श्यामकांत के नेतृत्व में थाना साइबर क्राइम, साइबर सेल, एसओजी, स्वाट और सर्विलांस टीमों का संयुक्त अभियान चलाया गया। तकनीकी साक्ष्यों और गोपनीय सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में गिरोह के चार सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार कर पूरे नेटवर्क का बड़ा खुलासा किया गया।

ऐसे फंसाते थे लोगों को

पूछताछ में सामने आया कि यह संगठित गिरोह फेसबुक, इंस्टाग्राम और टेलीग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इन्वेस्टमेंट, शेयर ट्रेडिंग और आसान लोन के आकर्षक विज्ञापन प्रसारित करता था। मोटे मुनाफे और कम समय में दोगुना-तीन गुना पैसा कमाने का लालच देकर लोगों को अपने जाल में फंसाया जाता था। इसके बाद पीड़ितों से कॉर्पोरेट सेक्टर या फर्जी फर्मों के बैंक खातों में रकम ट्रांसफर कराई जाती थी। पैसा जमा होते ही गिरोह के सदस्य रकम का आपस में बंटवारा कर लेते थे।

नेपाल, कंबोडिया और दुबई तक फैला नेटवर्क

मुख्य आरोपी अशफाक अहमद ने पूछताछ में बताया कि उसकी गैंग के सदस्य राजस्थान, दिल्ली सहित नेपाल, कंबोडिया और दुबई में भी सक्रिय हैं। उसका काम भारत में कॉर्पोरेट सेक्टर और फर्जी फर्मों के नाम पर बैंक खाते खुलवाना, उनकी नेट बैंकिंग सक्रिय कर पूरी बैंकिंग किट उपलब्ध कराना था, जिसका उपयोग विदेशों में बैठे साइबर अपराधी निवेश और शेयर ट्रेडिंग के नाम पर ठगी के लिए करते थे।

77 शिकायतें, 54 करोड़ रुपये की ठगी की जांच

जांच में सामने आया कि आरोपी चन्द्रकेतु द्वारा भारत स्टेशनर्स एंड इन्फॉर्मेशन सेंटर के नाम से इंडियन ओवरसीज बैंक और बैंक ऑफ बड़ौदा में खुलवाए गए खातों के खिलाफ राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर देश के विभिन्न राज्यों से 36 शिकायतें दर्ज हैं। प्रारंभिक जांच में इन खातों में एक वर्ष के दौरान करीब एक करोड़ रुपये का लेनदेन मिला है।

वहीं आरोपी प्रभात चौधरी द्वारा प्रभात इंटरप्राइजेज के नाम से इंडियन ओवरसीज बैंक, पंजाब एंड सिंध बैंक तथा बैंक ऑफ बड़ौदा में खुलवाए गए खातों के खिलाफ 41 शिकायतें दर्ज मिली हैं। इन खातों में पिछले एक वर्ष में करीब डेढ़ करोड़ रुपये का लेनदेन सामने आया है।

पुलिस के अनुसार इन पांचों बैंक खातों के संबंध में एनसीआरपी पोर्टल पर कुल 77 शिकायतें दर्ज हैं, जिनमें अब तक लगभग 54 करोड़ रुपये की साइबर ठगी की शिकायतें सामने आई हैं। पूरे मामले की विस्तृत विवेचना जारी है और अन्य राज्यों में फैले नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।

ये चार आरोपी हुए गिरफ्तार

पुलिस ने घेराबंदी कर जिन चार आरोपियों को गिरफ्तार किया, उनमें शामिल हैं—

  • चन्द्रकेतु निवासी ग्राम भिरवास, थाना कलवारी, जनपद बस्ती।
  • प्रभात चौधरी निवासी कठौतिया, थाना नगर, हाल निवासी तुर्कवलिया, थाना कलवारी, जनपद बस्ती।
  • श्यामजी चौधरी निवासी ग्राम भिरवास, थाना कलवारी, जनपद बस्ती।
  • अशफाक अहमद निवासी ग्राम रमवापुर, थाना बखिरा, जनपद संतकबीरनगर।

बरामद हुआ यह सामान

गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से तीन स्मार्टफोन (आईफोन-16, ओप्पो और रियलमी), पांच चेकबुक, छह एटीएम कार्ड, दो क्यूआर कोड, एक पैन कार्ड, एक निर्वाचन पहचान पत्र, एक ड्राइविंग लाइसेंस, जीएसटी से संबंधित दस्तावेज तथा 6,500 रुपये नकद बरामद किए गए। पुलिस का कहना है कि मोबाइल फोन में साइबर ठगी से संबंधित चैट, ऑडियो और अन्य डिजिटल साक्ष्य मौजूद हैं, जिनकी फोरेंसिक जांच कराई जाएगी।

इन अधिकारियों की टीम ने की कार्रवाई

इस पूरे अभियान में प्रभारी निरीक्षक रामकुमार राजभर (साइबर थाना), निरीक्षक भगवान सिंह, एसओजी प्रभारी विकास यादव, सर्विलांस प्रभारी उप निरीक्षक शेषनाथ यादव, उप निरीक्षक शेषनाथ गोंड, मुख्य आरक्षी ऋषिवेद तथा आरक्षी ईशांत कुमार सहित साइबर, एसओजी और सर्विलांस टीमों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

पुलिस ने लोगों को किया सतर्क

बस्ती साइबर क्राइम पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर निवेश, शेयर ट्रेडिंग, आसान लोन, नौकरी या मोटी कमाई के आकर्षक विज्ञापनों के झांसे में न आएं। किसी भी संस्था या कंपनी में निवेश या भुगतान करने से पहले उसकी सत्यता की जांच अवश्य करें। यदि कोई साइबर ठगी का शिकार होता है तो तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराए या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत करे, ताकि समय रहते कार्रवाई कर धनराशि बचाई जा सके।

NGV PRAKASH NEWS

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *