
चार लोगों ने मिलकर महिला
से किया गैंगरेप, सिगरेट से जलाया प्राइवेट पार्ट, फिर…
जौनपुर, 21 फरवरी 2025:
उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक ग्राम विकास अधिकारी समेत चार लोगों ने मिलकर एक महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। आरोपियों ने न केवल महिला के साथ अमानवीय व्यवहार किया, बल्कि उसके प्राइवेट पार्ट को जलती सिगरेट से जलाने की कोशिश भी की। मामले की शिकायत लेकर पीड़िता कई दिनों तक पुलिस के चक्कर लगाती रही, लेकिन कार्रवाई के बजाय शाहगंज कोतवाली पुलिस ने उसे जबरन एक लाख 50 हजार रुपये में सुलहनामा लिखने पर मजबूर कर दिया। हालांकि, जब पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) से न्याय की गुहार लगाई, तो उन्होंने फौरन हस्तक्षेप कर आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज करवाया।
प्रेमजाल में फंसाकर हड़पी संपत्ति, फिर कर ली दूसरी शादी
घटना शाहगंज कोतवाली क्षेत्र की है, जहां पीड़िता के घर के सामने आरोपी प्रदीप सोनी की आभूषण की दुकान है। पीड़िता के अनुसार, उसका पति शराब का आदी था और आरोपी अक्सर उनके घर आता-जाता था। इसी दौरान आरोपी ने उसकी कमजोर स्थिति का फायदा उठाते हुए प्रेमजाल में फंसा लिया। धीरे-धीरे आरोपी ने महिला को विश्वास में लेकर उसकी जमीन और मकान अपने और अपने भाई के नाम करा लिया। पति की मृत्यु के बाद आरोपी ने पीड़िता से शादी कर ली, लेकिन संपत्ति पर कब्जा करने के बाद उसने महिला को धोखा देते हुए दूसरी शादी कर ली।
चार आरोपियों ने मिलकर किया गैंगरेप, दी जान से मारने की धमकी
पीड़िता ने बताया कि एक रात जब वह घर में अकेली थी, तब आरोपी प्रदीप सोनी अपने भाई ग्राम विकास अधिकारी प्रमोद सोनी और दो अन्य लोगों के साथ जबरन घर में घुस आया। उन्होंने दरवाजा अंदर से बंद कर लिया और उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। इस दौरान आरोपियों ने धारदार कैंची दिखाकर जान से मारने की धमकी दी और उसके प्राइवेट पार्ट को जलती हुई सिगरेट से जलाने की कोशिश की। घटना के बाद आरोपियों ने पीड़िता को धमकाते हुए कहा कि अगर उसने किसी को बताया तो उसे और उसके बच्चे को जान से मार दिया जाएगा।
पुलिस ने सुलहनामा लिखवाकर दबाया मामला, एसपी के आदेश पर दर्ज हुआ केस
घटना के बाद डरी-सहमी पीड़िता मायके चली गई और परिवार को आपबीती सुनाई। इसके बाद उसने शाहगंज कोतवाली में शिकायत दर्ज कराने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उसकी शिकायत पर कार्रवाई करने के बजाय आरोपियों के साथ मिलकर उसे ही धमकाना शुरू कर दिया। आरोपियों ने अपनी बहन लक्ष्मी के साथ मिलकर महिला और उसके नाबालिग बच्चे को घर से निकालकर ताला लगा दिया और घर में रखा कीमती सामान भी लूट लिया। पुलिस ने मामले को रफा-दफा करने के लिए थाने में जबरन सुलहनामा लिखवा दिया।
इस पूरे घटनाक्रम में सुजीत वर्मा नामक व्यक्ति ने खुद को पुलिस अधीक्षक का करीबी बताकर दबाव बनाया और पीड़िता को फर्जी केस में फंसाने की धमकी दी। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों से जबरन सुलहनामा पर अंगूठा लगवाकर एक लाख 50 हजार रुपये पीड़िता के खाते में डलवा दिए और मामले को खत्म करने की कोशिश की। इतना ही नहीं, कोतवाली परिसर में सुलहनामा लिखवाने के बाद बाकायदा फोटो सेशन भी कराया गया।
एसपी के हस्तक्षेप के बाद दर्ज हुआ मुकदमा
जब पीड़िता ने जौनपुर के पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ से न्याय की गुहार लगाई और पूरे घटनाक्रम के सबूत दिखाए, तो उन्होंने शाहगंज कोतवाली पुलिस को फटकार लगाते हुए तत्काल एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया। एसपी के निर्देश पर शाहगंज कोतवाली पुलिस ने आरोपी आभूषण व्यवसायी प्रदीप सोनी, उसके भाई ग्राम विकास अधिकारी प्रमोद सोनी, बहन लक्ष्मी और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 70(1), 333, 351(3), 318(4), 352, 305(A), 127(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया।
फिलहाल, पीड़िता को मेडिकल जांच के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है, और पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए अब सामाजिक संगठनों और कई स्थानीय नेताओं ने भी आवाज उठानी शुरू कर दी है।
NGV PRAKASH NEWS

