
देवरिया में ईद की नमाज के बाद बुजुर्ग ने खुद काट लिया अपना गला, इलाज के दौरान हुई मौत – आत्मकुर्बानी की आशंका से सनसनी
देवरिया, उत्तर प्रदेश – 7 जून 2025
ईद-उल-अजहा की खुशियों के बीच उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सभी को हिला कर रख दिया। गौरी बाजार थानाक्षेत्र के उधोपुर गांव में शनिवार दोपहर एक 60 वर्षीय बुजुर्ग ने ईद की नमाज अदा करने के कुछ समय बाद ही कथित तौर पर खुद ही अपने गले पर धारदार हथियार चला दिया। गंभीर रूप से घायल बुजुर्ग को आनन-फानन में गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, लेकिन वहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
मस्जिद से लौटकर झोपड़ी में गए, फिर हुआ खौफनाक मंजर
मृतक की पहचान ईश मोहम्मद पुत्र बरसाती के रूप में हुई है, जो पिछले कुछ वर्षों से गांव में ही रह रहे थे। परिजनों के अनुसार, शनिवार को वह अन्य लोगों की तरह मस्जिद में ईद-उल-अजहा की नमाज पढ़ने गए थे। नमाज के बाद वह अपने घर के पास स्थित झोपड़ी में आराम करने के लिए चले गए। सब कुछ सामान्य लग रहा था, लेकिन थोड़ी देर बाद जब घर के अन्य सदस्य उन्हें भोजन के लिए बुलाने पहुंचे, तो उन्होंने देखा कि बुजुर्ग बेसुध पड़े हैं और गले से खून बह रहा है।
जब परिजनों ने उन्हें हिलाया-डुलाया तो उन्होंने हलका सा इशारा किया, लेकिन बोल पाने की हालत में नहीं थे। यह देख परिजनों में अफरा-तफरी मच गई और वे तुरंत उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, जहां से हालत गंभीर होने पर गोरखपुर रेफर किया गया। लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
आत्मकुर्बानी की कोशिश या मानसिक अवसाद?
घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि ईश मोहम्मद अंबेडकरनगर जिले के मशहूर धार्मिक स्थल किछौछा शरीफ अक्सर जाया करते थे। पुलिस को आशंका है कि उन्होंने किसी धार्मिक भावना या कथित ‘आत्मकुर्बानी’ की भावना से यह कदम उठाया होगा। हालाँकि, यह भी जांच का विषय है कि वे किन मानसिक स्थितियों से गुजर रहे थे।
स्थानीय लोगों और परिजनों के अनुसार, ईश मोहम्मद का स्वभाव शांत था और वे समाज से बहुत अधिक मेलजोल नहीं रखते थे। उनके भीतर किसी गहरे धार्मिक या आध्यात्मिक विचार का असर रहा हो, इस आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
गांव में मातम और सन्नाटा
घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। ईद जैसे पावन त्योहार के दिन इस तरह की त्रासदी ने सभी को स्तब्ध कर दिया है। एक ओर जहां लोग ईद की खुशियों में मशगूल थे, वहीं उधोपुर गांव में खामोशी और डर का माहौल छा गया।
पुलिस कर रही है गहन जांच
गौरी बाजार पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। थानाध्यक्ष ने मीडिया को बताया कि, “परिजनों और स्थानीय लोगों के बयान लिए जा रहे हैं। घटना के पीछे मानसिक तनाव, धार्मिक भावना या कोई अन्य कारण है – इसकी पड़ताल की जा रही है। जरूरत पड़ी तो साइकोलॉजिकल हिस्ट्री भी खंगाली जाएगी।”
ईद के दिन इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं—क्या धार्मिक आस्था किसी व्यक्ति को खुद की जान लेने तक मजबूर कर सकती है? या फिर यह किसी गहरे अवसाद की अभिव्यक्ति थी? जवाब फिलहाल जांच पर निर्भर है, लेकिन गांववालों के लिए यह ईद एक कभी न भूलने वाला सदमा बन गई।
NGV PRAKASH NEWS

