आतंकी का न कोई जनाजा, न दफन – चीफ इमाम का सख्त फतवा!

आतंकी का न कोई जनाजा, न दफन – चीफ इमाम का सख्त फतवा!

देश के चीफ इमाम डॉ. उमर अहमद इलियासी ने आतंकियों के खिलाफ कड़ा फतवा जारी कर दिया है। उन्होंने साफ शब्दों में ऐलान किया कि देश में मरने वाले आतंकियों का न तो जनाजे की नमाज पढ़ी जाएगी, न ही उन्हें भारत की पाक जमीन पर दफनाया जाएगा। इलियासी ने आतंकी संगठनों को भी चेताया – “इस्लाम और मोहम्मद जैसे पाक नाम अपने से जोड़ना बंद करो।”

चीफ इमाम का कहना है कि आतंकवादी शैतान हैं, और शैतानों के साथ शैतानी बर्ताव ही होना चाहिए। उनका फतवा आतंकवादियों के लिए खुला संदेश है – “तुम्हारे लिए यहां कोई जगह नहीं।”

लव जिहाद पर भी दो टूक!
लव जिहाद पर इलियासी ने कहा – “शादी तब ही बरकत वाली होती है जब वह समाज में शांति लाए। नाम और पहचान छुपाकर धोखा देना नापाक काम है। फसाद फैलाने वाली हर शादी से परहेज करना चाहिए।” उन्होंने साफ किया कि समाज में अच्छे लोग ज्यादा हैं और बुरे लोग गिनती के ही होते हैं।

बलूचिस्तान की आज़ादी का समर्थन

बलूचिस्तान मुद्दे पर चीफ इमाम ने भारत की नीति का खुला समर्थन करते हुए कहा – “मुस्लिम समाज भारत की डिप्लोमेसी के साथ है। पाकिस्तान बलूचिस्तान के लोगों पर जुल्म कर रहा है। आज़ादी सबका हक है – बलूचिस्तान आज़ाद होना चाहिए!”*

शंकराचार्य के बयान पर पलटवार
शंकराचार्य द्वारा इस्लाम को आतंकवाद का धर्म बताने पर इलियासी ने सख्त लहजे में जवाब दिया – “आतंकवाद का कोई धर्म नहीं होता। ये शैतानी काम है। इसे किसी धर्म से जोड़ना नाइंसाफी है।”

जनसंख्या नियंत्रण कानून और वक्फ कानून पर भी राय
इलियासी ने कहा – “जनसंख्या नियंत्रण कानून देशहित में है, इस पर किसी को ऐतराज नहीं होना चाहिए। वक्फ कानून पर मामला अदालत में है, लेकिन भारत सरकार का नया कानून बेहतर लगता है।”

राहुल गांधी और मोदी सरकार पर तीखा बयान
भारत-पाक तनाव पर राहुल गांधी के बयानों पर इलियासी ने कहा – “मैं उन बयानों को नहीं मानता जो देश की नीति के खिलाफ हों। मोदी सरकार ने 2014 से कई अच्छे काम किए हैं। आतंकवाद से मुकाबला सवालों से नहीं, एकजुटता से ही होगा!”

चीफ इमाम के ये बेबाक बयान दिखाते हैं कि भारत के मुसलमान आतंक के खिलाफ देश के साथ खड़े हैं। साफ-सुथरी सोच और राष्ट्रहित – यही असली इस्लाम की पहचान है।

NGV PRAKASH NEWS

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