Gyan Prakash Dubey


बस्ती 4 अक्टूबर 25.
उत्तर प्रदेश में बस्ती वह एकमात्र जिला है जहां पारंपरिक रूप से दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन पूर्णिमा के दिन किया जाता है। यही परंपरा इस जिले की दुर्गा पूजा को बाकी इलाकों से अलग बनाती है। ग्रामीण क्षेत्रों में दशहरा और एकादशी के अवसर पर प्रतिमाओं के विसर्जन का कार्य समाप्त हो जाने के बाद, बस्ती शहर की दुर्गा पूजा की रौनक अपने चरम पर पहुंचती है। दोपहर बाद चार से पांच बजे के बीच विसर्जन यात्रा शुरू होती है, जो देर रात तक उल्लास और धार्मिक आस्था के माहौल में चलती रहती है।
इस दौरान शहर में मेला जैसा दृश्य होता है। हजारों लोग दूर-दराज़ से मेला देखने पहुंचते हैं, जबकि विसर्जन के दिन शहर में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ती है। भीड़ को संभालना और किसी भी अप्रिय घटना को रोकना प्रशासन के लिए हर साल एक बड़ी चुनौती रहती है। यही वजह है कि पूर्णिमा की रात शुरू हुआ विसर्जन कार्यक्रम अगले दिन दोपहर तक चलता रहता है।
प्रशासन की मुस्तैद तैयारियां और सक्रिय भूमिका
दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन और मेले को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने इस वर्ष बहुस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की है। पुलिस अधीक्षक अभिनंदन के नेतृत्व में पुलिस बल और प्रशासनिक अमला पूरी सक्रियता से तैनात है। पूरे शहर को सुरक्षा के दृष्टिकोण से विभिन्न जोन और सेक्टरों में बांटा गया है ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके।
अपर पुलिस अधीक्षक श्यामकांत, क्षेत्राधिकारी सदर सतेंद्र भूषण त्रिपाठी, प्रभारी कोतवाली निरीक्षक दिनेश कुमार चौधरी, थानाध्यक्ष पुरानी बस्ती महेश सिंह और थानाध्यक्ष नगर विश्व मोहन राय अपने-अपने क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी में जुटे हैं। जगह-जगह पैदल गश्त, प्वाइंट ड्यूटी और चेकिंग की जा रही है।
इसके अलावा कमिश्नर अखिलेश सिंह, डीआईजी संजीव त्यागी, जिलाधिकारी रवीश गुप्ता और अपर जिलाधिकारी (प्रति) पाल सिंह चौहान भी लगातार क्षेत्र का निरीक्षण कर रहे हैं। ये अधिकारी स्वयं फील्ड में उतरकर व्यवस्थाओं का जायज़ा ले रहे हैं, दुर्गा पूजा कमेटियों और स्थानीय नागरिकों से संवाद स्थापित कर रहे हैं तथा संवेदनशील स्थानों पर विशेष फोर्स की तैनाती सुनिश्चित कर रहे हैं।
प्रशासन ने भीड़ नियंत्रण के लिए शहर के प्रमुख मार्गों पर बैरिकेडिंग कर वाहनों का मार्ग परिवर्तित किया है। सीसीटीवी कैमरों से निगरानी, ड्रोन सर्विलांस, लाउडस्पीकर से दिशा-निर्देश और कंट्रोल रूम से सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग और दमकल विभाग की टीमें भी मौके पर अलर्ट पर हैं।
इन सख्त लेकिन व्यवस्थित तैयारियों की वजह से प्रशासन का प्रयास है कि बस्ती की ऐतिहासिक दुर्गा प्रतिमा विसर्जन यात्रा और मेला पूर्णतः शांतिपूर्ण, सुव्यवस्थित और सुरक्षित माहौल में संपन्न हो, ताकि श्रद्धालु बिना किसी भय या असुविधा के अपनी परंपरा को आनंदपूर्वक निभा सकें।
📌 NGV PRAKASH NEWS




