डॉक्टर के आते ही लड़की ने काम चालू कर दिया खोल दिया सीने पर के सारे बटन

Gyan Prakash Dubey

दिल्ली पुलिस के फर्जी रैकेट और हनीट्रैप का खुलासा, तीन गिरफ्तार

नई दिल्ली 26 दिसंबर 24.
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में फर्जी पुलिसकर्मियों के एक गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है, जिसने हनीट्रैप के जरिए लोगों को ठगने का संगठित खेल खेला। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने इस रैकेट का पर्दाफाश कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस खुलासे के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।

पुलिस ने बताया कि कंझावला इलाके में सक्रिय इस गिरोह के तीन सदस्य—नीरज त्यागी उर्फ धीरज (42), आशीष माथुर (31), और दीपक उर्फ साजन (30)—को पकड़ा गया है। इनके पास से दिल्ली पुलिस की हेड कांस्टेबल रैंक की वर्दी और तीन फर्जी पहचान पत्र बरामद किए गए हैं।

जांच में खुलासा हुआ कि यह गिरोह हनीट्रैप का इस्तेमाल कर पहले लोगों को अपने जाल में फंसाता था और फिर वसूली करता था। एक मामले में, 60 वर्षीय डॉक्टर को निशाना बनाया गया था। अगस्त 2024 में एक अज्ञात महिला ने डॉक्टर को फोन कर बातचीत शुरू की और कुछ दिनों बाद बीमार मां का बहाना बनाकर उन्हें जनकपुरी मेट्रो स्टेशन के पास बुलाया।

डॉक्टर के घर पहुंचने पर महिला ने उन्हें स्नैक्स ऑफर किए और फिर उनकी शर्ट के बटन खोल दिए। तभी चार लोग वहां पहुंचे, जिनमें दो फर्जी पुलिसकर्मी थे। आरोपियों ने डॉक्टर को धमकाया और उनके खिलाफ क्रिमिनल केस दर्ज करने की बात कही। डर के मारे डॉक्टर ने कुल 9 लाख रुपये दे दिए।

ACP (क्राइम) संजय भाटिया ने बताया कि आरोपियों को क्राइम ब्रांच कार्यालय ले जाया गया, जहां पूछताछ के दौरान उन्होंने हिरासत से भागने की कोशिश की, लेकिन उन्हें दोबारा पकड़ लिया गया। जांच में यह भी सामने आया है कि नीरज और दीपक, द्वारका के बिंदापुर में पहले से दर्ज हनीट्रैप के एक अन्य मामले में भी वांछित थे।

फिलहाल, पुलिस इस गिरोह के बाकी सदस्यों और अन्य संभावित पीड़ितों की तलाश में जुटी है। अधिकारी इस रैकेट के अंतरराज्यीय लिंक की भी जांच कर रहे हैं।

NGV PRAKASH NEWS

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *