जन सेवा केंद्र के आड़ में हो रहा था यह काम : एक केंद्र का आरोपी गिरफ्तार दूसरे का भाजपा नेता फरार


बरेली में फर्जी दस्तावेज बनाने वाले दो बड़े गिरोहों का पर्दाफाश: एक में दो गिरफ्तार, दूसरे में भाजपा नेता के शामिल होने का आरोप

बरेली, 1 जून 2025 (NGV PRAKASH NEWS)।
बरेली में फर्जी दस्तावेज बनाने वाले दो बड़े गिरोहों का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। दोनों मामलों में फर्जी आधार कार्ड, मार्कशीट, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र समेत तमाम दस्तावेज बनाए जा रहे थे। इन मामलों में जहां एक तरफ दो आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, वहीं दूसरे मामले में भाजपा के पदाधिकारी और उसके भाई के नाम सामने आए हैं। पुलिस अब फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है।

पहला मामला भोजीपुरा क्षेत्र के गांव पचदौरा दोहरिया का है। यहां मोहम्मद फहीम उर्फ गुड्डू और जियाउल मुस्तफा नाम के दो युवक ‘अजहरी जन सेवा केन्द्र’ की आड़ में फर्जीवाड़ा कर रहे थे। पुलिस और एसओजी की संयुक्त कार्रवाई में शुक्रवार को दबिश देकर इन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। मौके से पुलिस ने 11 लैपटॉप, पीवीसी कार्ड प्रिंटर, स्कैनर, कैमरे, 20 फर्जी जन्म प्रमाण पत्र, 15 फर्जी निवास प्रमाण पत्र, सात फर्जी मार्कशीट, 20 आधार कार्ड, पैनकार्ड, वोटर आईडी समेत बड़ी संख्या में दस्तावेज और हाईटेक उपकरण बरामद किए।

जांच में खुलासा हुआ कि ये लोग एक विशेष वेबसाइट के जरिए दस्तावेज बनाते थे। 300 से 900 रुपये लेकर फर्जी प्रमाण पत्र जारी किए जाते थे। आरोपी हर दिन छह-सात फर्जी दस्तावेज बनाते थे और अब तक करीब 650 फर्जी दस्तावेज तैयार कर चुके थे। इनके ग्राहक झारखंड, उत्तराखंड, बिहार समेत कई राज्यों से आते थे।

एसपी नॉर्थ मुकेश चंद्र मिश्र ने बताया कि मोहम्मद फहीम पहले बड़ौदा यूपी ग्रामीण बैंक में आधार बनाने का काम करता था, लेकिन एक शिकायत के बाद उसे नौकरी से निकाल दिया गया। इसके बाद उसने अवैध धंधा शुरू कर दिया।

दूसरा मामला भाजपा नेता से जुड़ा: नेताओं की शरण में भागे आरोपी
दूसरी घटना बरेली के सीबीगंज थाना क्षेत्र की है, जहां भाजपा मंडल महामंत्री एवं अखिल भारतीय पटवा वैश्य महासभा के जिलाध्यक्ष मुकेश देवल और उसका भाई दीपक देवल फर्जीवाड़े में लिप्त पाए गए। पुलिस ने सीबीगंज के गांव महेशपुर समेत भोजीपुरा और पस्तौर गांव में इनके जनसेवा केंद्रों पर छापेमारी की। लेकिन कार्रवाई से पहले ही आरोपी भाग निकले। पुलिस को वहां से फर्जी आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, हाईस्कूल व इंटर की फर्जी मार्कशीट, ड्राइविंग लाइसेंस आदि बरामद हुए।

ग्रामीणों ने बताया कि मुकेश देवल ने अपनी मां के नाम पर जोगी नवादा में कोटे की दुकान ले रखी थी और हाल में ही 18 लाख रुपये में एक प्लॉट का सौदा भी किया था। भाजपा के कार्यक्रमों में उसकी अहम भूमिका रहती थी और वरिष्ठ नेताओं में उसकी अच्छी पैठ थी। यही वजह है कि अब उसके खिलाफ कार्रवाई को दबाने के लिए भाजपा के कुछ नेता पुलिस पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं।

दोनों मामलों ने बरेली में प्रशासन और जनता को हिला कर रख दिया है। एक तरफ हाईटेक उपकरणों से फर्जी दस्तावेज बनाने वाले गैंग पर पुलिस की सख्ती दिख रही है, तो दूसरी तरफ राजनीतिक रसूख के चलते कुछ आरोपी कानून के शिकंजे से बचने की जुगत में हैं। पुलिस का कहना है कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही फरार भाजपा नेता समेत सभी दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा।

(NGV PRAKASH NEWS)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *