राष्ट्रीय लोक अदालत में 60 हजार से अधिक मामलों का निस्तारण : 8 करोड़ का हुआ निस्तारण..

Gyan Prakash Dubey

राष्ट्रीय लोक अदालत में 60 हजार से अधिक मामलों का निस्तारण, करोड़ों रुपये की वसूली

बस्ती, 13 दिसंबर 2025।
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली और राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बस्ती के तत्वावधान में शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का सफल आयोजन किया गया। यह आयोजन जनपद न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण शमसुल हक तथा द्वितीय अपर जिला जज एवं नोडल अधिकारी लोक अदालत जेबा मजीद के मार्गदर्शन में, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं अपर जिला जज अनिल कुमार के प्रभार में संपन्न हुआ।

राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन जनपद न्यायालय परिसर के साथ-साथ सभी ग्राम न्यायालयों, तहसीलों, राजस्व न्यायालयों और कलेक्ट्रेट में किया गया। इस दौरान जिलाधिकारी कृतिका ज्योत्सना, पुलिस अधीक्षक अभिनन्दन सहित विभिन्न विभागों का सराहनीय सहयोग रहा।

लोक अदालत में कुल 60,706 मामलों का निस्तारण किया गया। इनमें प्री-लिटिगेशन स्तर पर बैंक ऋण और अन्य मामलों से संबंधित 58,629 प्रकरणों का निस्तारण हुआ, जबकि विभिन्न न्यायालयों में लंबित 2,077 वादों का समाधान सुलह-समझौते के आधार पर कराया गया। मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण द्वारा 84 मामलों का निस्तारण करते हुए 5 करोड़ 76 लाख 91 हजार रुपये की क्षतिपूर्ति राशि प्रदान की गई। वहीं आपराधिक मामलों के निस्तारण के दौरान 1 लाख 53 हजार 144 रुपये अर्थदंड के रूप में वसूले गए। अन्य मामलों में 7 करोड़ 86 लाख 86 हजार 340 रुपये की वसूली हुई। इस प्रकार कुल 7 करोड़ 88 लाख 39 हजार 484 रुपये की धनराशि का निस्तारण और वसूली की गई।

इसके अतिरिक्त प्री-लिटिगेशन स्तर पर बैंक ऋण से जुड़े 777 मामलों का निस्तारण कर बैंकों द्वारा 6 करोड़ 32 लाख 73 हजार 982 रुपये की धनराशि पर समझौता किया गया। परिवार न्यायालय से संबंधित 53 मामलों का भी निस्तारण हुआ, जिसमें कई वर्षों से मुकदमे लड़ रहे दंपत्तियों ने आपसी सुलह-समझौते के माध्यम से पुनः साथ रहने पर सहमति जताई, जिससे कई बिखरे परिवार फिर से एकजुट हो सके।

राष्ट्रीय लोक अदालत में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी मो. रिजवानुल हक, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय आराधना रानी, अपर जिला जज प्रथम शिव चन्द, अपर जिला जज एवं विशेष न्यायाधीश (ईसी एक्ट) राम करन यादव, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट आशीष कुमार राय, सिविल जज (सीडी) संदीप सहित अन्य न्यायिक अधिकारियों ने सक्रिय सहभागिता की।

इस अवसर पर जिला कारागार बस्ती में निरुद्ध बंदियों द्वारा निर्मित हस्तशिल्प कलाकृतियों की प्रदर्शनी भी लगाई गई, जिसे आमजन के लिए बिक्री हेतु उपलब्ध कराया गया। न्यायिक अधिकारियों, कर्मचारियों और अन्य लोगों ने इन हस्तशिल्प उत्पादों को खरीदा भी।

NGV PRAKASH NEWS

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