
इंदौर/शिलॉन्ग/गाजीपुर | NGV PRAKASH NEWS विशेष रिपोर्ट
शादी, हनीमून और फिर कातिलाना साजिश—ये कोई वेब सीरीज नहीं बल्कि इंदौर की सोनम और राजा रघुवंशी की रियल लाइफ कहानी है, जो अब पूरे देश को चौंका रही है। करीब 2000 किलोमीटर दूर शिलॉन्ग की वादियों में, जहां लोग प्यार और सुकून के पल बिताने जाते हैं, वहीं एक नवविवाहिता ने अपने पति की हत्या की पटकथा रची, और वो भी अपने प्रेमी के साथ मिलकर।
🔍 एक डिजिटल रिश्ता, जो कत्ल में बदल गया
राजा और सोनम की मुलाकात रघुवंशी एप पर हुई थी। यह रिश्ता फरवरी में “रोका” तक पहुंचा और 11 मई 2025 को दोनों ने शादी कर ली। लेकिन जो सपना दोनों परिवारों ने देखा था, वो जल्द ही खून से लथपथ साजिश में बदल गया।
दरअसल, रोका होते ही सोनम ने अपने प्रेमी राज कुशवाहा के साथ मिलकर पति राजा को रास्ते से हटाने की योजना बना ली थी। सोनम के मन में यह ख्याल था कि राजा की मौत के बाद वह विधवा बनकर राज से शादी कर सकेगी और शायद परिवार भी तब इस रिश्ते को स्वीकार कर लेगा।
🪓 ऑनलाइन मंगाई कुल्हाड़ी, पहाड़ पर रचा कत्ल
शादी के बाद 16 मई को सोनम ने राजा को हनीमून के बहाने शिलॉन्ग ले जाने का प्रस्ताव दिया। यहां असम के गुवाहाटी में पहले से तीन सुपारी किलर मौजूद थे। उन्होंने ऑनलाइन “डाव” (छोटी कुल्हाड़ी) मंगवाई थी—यही राजा की हत्या का हथियार बना।
23 मई को, सोनम ने राजा को कोरसा हिल्स ले जाकर फोटोशूट का बहाना बनाया। वह जानबूझकर पीछे रह गई और आरोपियों को राजा पर हमला करने का इशारा दिया। शुरुआत में किलर पीछे हटने लगे, लेकिन सोनम ने राजा के पर्स से ₹15,000 निकालकर उन्हें दिए और कहा: “मारना तो पड़ेगा।” उसने बाद में ₹20 लाख देने का वादा भी किया था।
📱 CCTV और कॉल डिटेल्स ने खोली परतें
घटना वाले दिन का एक CCTV फुटेज सामने आया है जिसमें सोनम राजा से कुछ दूरी पर फोन पर चैट करती दिखाई दी। पुलिस ने जब कॉल डिटेल्स निकाले तो तीनों सुपारी किलर्स और राज कुशवाहा का कनेक्शन सामने आया। यह भी सामने आया कि कातिल वारदात के बाद ट्रेन से इंदौर लौट गए, जबकि सोनम अकेले शिलॉन्ग से बनारस और फिर गाजीपुर पहुंची।
सूत्रों के मुताबिक सोनम नेपाल भागने की फिराक में थी, लेकिन जैसे ही उसे खबर मिली कि प्रेमी और बाकी आरोपी पकड़े जा चुके हैं, उसने गाजीपुर में सरेंडर कर दिया।
🧩 अब तक की जांच में क्या-क्या सामने आया:
सोनम ने शादी से पहले ही हत्या की योजना बना ली थी।
प्रेमी के साथ मिलकर ऑनलाइन हथियार मंगवाया गया।
सुपारी किलर्स असम के रास्ते तैयार थे।
हत्या के बाद सोनम नेपाल भागने की कोशिश कर रही थी।
शिलॉन्ग पुलिस और इंदौर क्राइम ब्रांच की संयुक्त कार्रवाई से आरोपी पकड़े गए।
मेघालय पुलिस का कहना है कि यह मामला अब अन्य राज्यों के संगठित आपराधिक गिरोहों से भी जुड़ सकता है, क्योंकि आरोपियों के लिंक इंदौर, असम, गाजीपुर और नेपाल से जुड़े हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय एजेंसियों की भी एंट्री हो सकती है।
📣 NGV PRAKASH NEWS

