
परसरामपुर पुलिस की तत्परता: 24 घंटे में चोरी का खुलासा, आरोपी गिरफ्तार, शत-प्रतिशत माल बरामद
बस्ती, 24 अप्रैल 2025
अपराध जब समाज की पवित्रता को ठेस पहुँचाता है, तो उसकी रोकथाम में प्रशासन की सक्रियता ही जनता का विश्वास कायम रखती है। ऐसा ही एक उदाहरण परसरामपुर थाना क्षेत्र में देखने को मिला, जहाँ मस्जिद जैसे पवित्र स्थल पर दानपात्र से रुपये चुराने वाले एक अभियुक्त को पुलिस ने मात्र 24 घंटे में न सिर्फ गिरफ्तार किया, बल्कि चोरी गए पूरे ₹4000 की रकम भी बरामद कर ली।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अभिनंदन के नेतृत्व में, अपर पुलिस अधीक्षक ओम प्रकाश सिंह तथा क्षेत्राधिकारी संजय सिंह के निर्देशन में, थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह के कुशल नेतृत्व में अंजाम दी गई।
भानु प्रताप सिंह, जिनके लिए अपराध के विरुद्ध सख़्ती और जनता के प्रति संवेदनशीलता समान रूप से ज़रूरी है, ने इस मामले में विशेष सक्रियता दिखाई। घटना की जानकारी मिलते ही उन्होंने न सिर्फ एक विशेष टीम गठित की, बल्कि स्वयं इसकी मॉनिटरिंग भी की। घटनास्थल की बारीकी से जांच, स्थानीय लोगों से संवाद, और तकनीकी साक्ष्यों के सहारे उन्होंने आरोपी को चिन्हित करने में टीम का मार्गदर्शन किया।
भानु प्रताप सिंह की रणनीति स्पष्ट थी—”अपराध चाहे जितना भी छोटा क्यों न हो, उसका तत्काल और सटीक जवाब ही जनता के विश्वास की रीढ़ है।” उन्होंने अपनी टीम को स्पष्ट निर्देश दिया कि मामले में कोई भी ढिलाई नहीं बरती जाए। उनके इस दृष्टिकोण का ही नतीजा रहा कि आरोपी मोहम्मद मोहसिन रिजवी को अगले ही दिन कस्बा चौरी के पास से गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार अभियुक्त के पास से ₹4000 नकद और चोरी में प्रयुक्त एक पिलास बरामद किया गया। इतना ही नहीं, जांच में यह भी सामने आया कि मोहसिन का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है—वह पूर्व में कई बार चोरी और नकली शराब के मामलों में गिरफ्तार हो चुका है।
इस सफलता में उपनिरीक्षक राहुल गुप्ता व कांस्टेबल शिव यादव की सक्रिय भूमिका सराहनीय रही, लेकिन इस पूरी कार्रवाई की नींव में भानु प्रताप सिंह की नेतृत्व क्षमता, त्वरित निर्णय और ज़मीनी जुड़ाव प्रमुख कारण रहे।
परसरामपुर पुलिस की यह कार्रवाई न केवल कानून व्यवस्था की मजबूती का परिचायक है, बल्कि यह भी दिखाता है कि हमारी न्याय प्रणाली आम नागरिकों की भावनाओं और धार्मिक आस्थाओं की भी रक्षा करती है।
यह हम सभी के लिए प्रेरणा का विषय है कि अपराध कितना भी छोटा या बड़ा क्यों न हो, उसके विरुद्ध आवाज उठाना और कानून का साथ देना ही सही नागरिकता है।
NGV PRAKASH NEWS

